38th National Games के लिए उत्तराखंड पूरी तरह तैयार हो चुका है। धामी सरकार राष्ट्रीय खेलों का जमकर प्रचार-प्रसार भी कर रही है। इस बीच खबर आ रही है कि पीएम मोदी को मशहूर बैडमिंटन खिलाड़ी लक्ष्य सेन राष्ट्रीय खेलों की मशाल तेजस्विनी सौपेंगे। राष्ट्रीय खेलों के उद्घाटन के मौके पर मशाल पीएम को सौंपी जाएगी। लक्ष्य और चिराग सेन दोनों भाई राष्ट्रीय खेलों में उत्तराखंड की बैडमिंटन टीम का प्रतिनिधित्व भी करेंगे। प्रधानमंत्री का कार्यक्रम निश्चित होने के बाद खेलों की तैयारियां युद्धस्तर पर की जा रही है। धामी सरकार आयोजन में कोई कोर-कसर नहीं छोड़ना चाहती है।
यह भी पढ़ें : महाकुंभ में 1800 से अधिक साधु बनेंगे नागा, कटने लगी पर्ची
इसके अलावा महाराणा प्रताप स्पोर्ट्स कालेज को रजत जयंती खेल परिसर में तब्दील किया गया है। पीएम के दौरे को लेकर रायपुर स्थित खेल निदेशालय को प्रधानमंत्री कार्यालय बनाया जा रहा है। इसमें सुरक्षा की दृष्टिगत ढांचागत सुधार के कार्य किये जा रहे हैं। राष्ट्रीय खेलों का उद्घाटन कार्यक्रम करीब तीन बजे से शुरू किए जाने पर विचार चल रहा है। उधर, खिलाड़ियों की ओर से भी जमकर पसीना बहाया जा रहा है। कड़कड़ाती ठंड में भी तड़के सड़कों पर दौड़ लगाते एथलीट दिख रहे हैं।
तैयार होने लगा खिलाड़ियों व आफिशियल्स के लिए ड्रेस कोड
खिलाड़ियों और आफिशियल्स के लिए ड्रेस कोड तैयार हो रहा है। इसमें राष्ट्रीय खेलों का लोगो लगा होगा। इसमें राज्य पक्षी मोनाल, पहाड़ और उगते सूरज के दर्शन होंगे। विशेष मुख्य सचिव खेल अमित सिन्हा ने बताया कि जीटीसीसी, आफिशियल्स, खिलाड़ियों और भारतीय ओलिंपिक संघ के अधिकारियों के लिए अलग-अलग ड्रेस कोड तैयार किये जा रहे हैं।
चित्राशी रावत को है मलाल
चक दे इंडिया फिल्म में कोमल चौटाला की भूमिका निभाने वाली उत्तराखंड की हाकी खिलाड़ी चित्राशी रावत को राष्ट्रीय खेलों में ना खेल पाने का मलाल है। राष्ट्रीय खेलों को लेकर चित्राशी का कहना है कि काश मेरे स्कूल-कालेज के दिनों में उत्तराखंड में राष्ट्रीय खेल होते तो मैं खेल पाती। चक दे इंडिया फिल्म में अपने बेहतरीन अदाकारी से पहचान बनाने वाली चित्राशी को हाकी खिलाड़ी होने की वजह से ही यह किरदार मिला था। जिससे उन्हें वह किरदार पर्दे में उतराने में मदद मिली। चित्राशी रावत 12 वीं कक्षा तक हाकी खेलती रहीं। वह हाकी की शानदार खिलाड़ी रहीं हैं। इस दौरान जूनियर नेशनल, सीनियर नेशनल समेत कई राष्ट्रीय स्तर की हाकी प्रतियोगिता में उन्होंने शिरकत की। चित्राशी का कहना है हमारे खिलाड़ी पहले ही अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं। वह राष्ट्रीय खेलों में बेहतरीन प्रदर्शन करेंगे। राष्ट्रीय खेलों से उन्हें मिलने वाली सुविधाओं का विस्तार होगा। उन्होंने कहा कि पहाड़ के खिलाड़ियों के लिए राष्ट्रीय खेलों का यह प्लेटफार्म बहुत बड़ा है। आने वाले दिनों में इसके सुखद परिणाम सामने आएंगे।
चित्रांशी मुंबई में फिल्मों में व्यस्त हैं, लेकिन उत्तराखंड में 38वें राष्ट्रीय खेलों से जुड़ी हर अपडेट ले रही हैं। फोन पर बातचीत में चित्राशी ने कहा कि एक खिलाड़ी होने के नाते मैं यह जानकर रोमांचित हूं कि मेरे गृह राज्य उत्तराखंड में राष्ट्रीय खेल हो रहे हैं। मैं जानती हूं कि इस आयोजन की कितनी अहमियत है। इसके लिए उत्तराखंड सरकार को बधाई। चित्राशी ने बताया कि स्कूल कालेजों के जमाने में मैं वह नेशनल लेवल पर खेलने के लिए कभी दिल्ली, जबलपुर, कभी कपूरथला जाया करती थी।
उत्तराखंड की हाकी टीम करेगी बेहतर प्रदर्शन
चित्राशी को उम्मीद है कि ज्यादातर खेलों में उत्तराखंड की टीम अच्छा प्रदर्शन करेगी, लेकिन उनकी उम्मीद हाकी से बहुत ज्यादा है। चित्राशी कहती हैं कि हाकी में हम बहुत अच्छा कर रहे हैं। वंदना कटारिया भारतीय हाकी टीम में खेल रही हैं। यह बड़ी बात है। चित्राशी ने कहा कि जब वह हाकी खेला करती थीं, तब वंदना और उनकी बहन उन्हें कैंपों में मिला करती थी। दोनों अच्छी खिलाड़ी रही हैं।