सीएम धामी ने सोमवार को राजधानी देहरादून के बल्लूपुर चौक में नगर निगम द्वारा आयोजित स्वेच्छा से स्वच्छता” कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने न केवल प्रदेशवासियों को स्वच्छता का संदेश दिया बल्कि स्वयं झाड़ू थामकर सफाई अभियान में हिस्सा लेते हुए एक जन-प्रेरक उदाहरण भी प्रस्तुत किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि देवभूमि को स्वच्छ और सुंदर बनाए रखने की जिम्मेदारी केवल सरकार की नहीं बल्कि हर नागरिक की नैतिक जिम्मेदारी है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वच्छता को एक सरकारी कार्यक्रम के बजाय एक जन-आंदोलन बनना चाहिए। उन्होंने कहा, स्वच्छता केवल सरकारी मशीनरी या सफाई कर्मचारियों के प्रयासों से पूरी तरह संभव नहीं है। इसमें जनभागीदारी सबसे महत्वपूर्ण कड़ी है। जब तक राज्य का प्रत्येक नागरिक अपने घर, गली और मोहल्ले को स्वच्छ रखने का संकल्प नहीं लेगा तब तक हम एक स्थायी परिवर्तन की कल्पना नहीं कर सकते।

मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि स्वच्छता को हमारे दैनिक जीवन का अभिन्न हिस्सा होना चाहिए। उन्होंने आह्वान किया कि जिस प्रकार हम अपने घरों के भीतर सफाई रखते हैं वही भाव अपने सार्वजनिक स्थलों और शहर के प्रति भी होना चाहिए। मुख्यमंत्री ने नगर निगम देहरादून द्वारा 7 अप्रैल से 13 अप्रैल 2026 तक चलाए गए विशेष सफाई सप्ताह की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि इस तरह के कार्यक्रम समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करते हैं और आने वाली पीढ़ी को पर्यावरण के प्रति जागरूक बनाते हैं। मुख्यमंत्री ने निगम अधिकारियों को निर्देश दिए कि ऐसे अभियान केवल विशेष तिथियों तक सीमित न रहकर नियमित अंतराल पर आयोजित किए जाएं ताकि स्वच्छता के प्रति समाज में निरंतरता बनी रहे।

नगर निगम द्वारा चलाए गए इस अभियान का मुख्य उद्देश्य शहर के विभिन्न वार्डों में कूड़ा निस्तारण व्यवस्था को दुरुस्त करना ड्रेनेज की सफाई और आम जनता को कचरा प्रबंधन के प्रति जागरूक करना रहा है। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री के साथ कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, विधायक खजान दास, राज्यसभा सांसद एवं भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष महेन्द्र भट्ट, देहरादून के मेयर सौरभ थपलियाल और विधायक सविता कपूर भी मौजूद रहे। इसके अलावा भाजपा संगठन महामंत्री अजेय कुमार और अन्य जनप्रतिनिधियों ने भी श्रमदान कर स्वच्छता का संकल्प लिया।










