केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बृहस्पतिवार को संसद में बजट 2026-27 को पेश किया। अपने लगातार नौवें बजट भाषण में उन्होंने उत्तराखंड का विशेष उल्लेख करते हुए पर्वतीय पर्यटन को बढ़ावा देने की दिशा में एक अहम घोषणा की। वित्त मंत्री ने कहा कि देश में वर्ल्ड क्लास ट्रेकिंग और हाइकिंग अनुभव विकसित करने के लिए उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, पूर्वी घाट की अराकू घाटी और पश्चिमी घाट के पोथिगई मलाई क्षेत्र में इकोलॉजिकल रूप से सस्टेनेबल माउंटेन ट्रेल्स विकसित किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि इन क्षेत्रों में इस तरह के पर्यटन की अपार संभावनाएं मौजूद हैं।
बजट में की गई इस घोषणा को उत्तराखंड के लिए महत्वपूर्ण बताते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इसे विकसित भारत-2047 की सोच को आगे बढ़ाने वाला सर्वस्पर्शी बजट करार दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि ट्रेकिंग ट्रेल्स के विकास की यह दूरदर्शी पहल पर्वतीय क्षेत्रों में स्थानीय आजीविका को सुदृढ़ करेगी। इससे युवाओं और स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और राज्य में पर्यटन के नए द्वार खुलेंगे। उत्तराखंड पहले से ही देश का प्रमुख ट्रेकिंग हब माना जाता है। इंडियन माउंटेनियरिंग फाउंडेशन के अनुसार, राज्य में ट्रेकिंग से जुड़ा कारोबार करीब 100 करोड़ रुपये का है। उत्तराखंड में छह दर्जन से अधिक विश्व स्तरीय ट्रेकिंग रूट मौजूद हैं, जहां देश के विभिन्न राज्यों के साथ-साथ विदेशों से भी पर्यटक पहुंचते हैं। केदारकांठा, रूपकुंड, हर की दून, फूलों की घाटी और पिंडारी ग्लेशियर जैसे ट्रेक हर साल हजारों पर्यटकों को आकर्षित करते हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि केंद्र सरकार की इस नई पहल से न केवल ट्रेकिंग और हाइकिंग को एक संगठित ढांचा मिलेगा, बल्कि सुरक्षा, पर्यावरण संरक्षण और स्थानीय रोजगार को भी मजबूती मिलेगी।
सस्ती दवाएं-गैजेट्स से राहत, शराब-खनिज महंगे; युवा-मैन्युफैक्चरिंग पर जोर

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने संसद में वित्त वर्ष 2026-27 का सामान्य बजट पेश करते हुए आम जनता को सस्ती दवाओं, स्मार्टफोन्स और विदेश यात्रा की सौगात दी। ग्लोबल अनिश्चितताओं के बीच मजबूत अर्थव्यवस्था पर फोकस करते हुए उन्होंने मैन्युफैक्चरिंग, स्वास्थ्य और युवा शक्ति को प्राथमिकता दी। कैंसर व डायबिटीज जैसी बीमारियों की दवाओं पर कस्टम ड्यूटी घटाने से इलाज सुलभ होगा, वहीं शराब व खनिज महंगे होंगे। राजकोषीय घाटा जीडीपी के 4.3 प्रतिशत पर रखने का अनुमान जताया गया। बजट भाषण की शुरुआत में सीतारमण ने कहा, आर्थिक विकास को सतत व तेज बनाए रखना सरकार का पहला कर्तव्य है। उन्होंने जोर दिया कि सरकारी कदमों से 7 प्रतिशत विकास दर हासिल हुई और गरीबी में कमी आई। भारत को वैश्विक बाजारों से एकीकृत करने पर बल देते हुए युवा शक्ति को सशक्त बनाने का वादा किया। नॉन-डेट रसीदें 36.5 लाख करोड़ व नेट टैक्स रसीदें 28.7 लाख करोड़ रहने का अनुमान है। नया इनकम टैक्स एक्ट 1 अप्रैल 2026 से लागू होगा।
सस्ते सामानों की सूची लंबी है। सोलर उपकरण, जूते, मोबाइल बैटरी व ओवन सस्ते होंगे। मेक-इन-इंडिया को बढ़ावा देने के लिए स्मार्टफोन व टैबलेट के दाम घटेंगे, जिससे घरेलू उत्पादन मजबूत होगा। विदेश यात्रा पहले से किफायती, सीएनजी व बायोगैस सस्ती। स्वास्थ्य क्षेत्र में बड़ा राहत पैकेज: 17 कैंसर दवाओं व 7 दुर्लभ रोगों की दवाओं पर ड्यूटी कटौती। डायबिटीज दवाएं भी सुलभ होंगी। मेडिकल डिवाइस पर भी छूट से हेल्थकेयर मजबूत बनेगा। दूसरी ओर, शराब, स्क्रैप व खनिज उत्पाद महंगे हो जाएंगे। वित्त मंत्री ने रेयर अर्थ मिनरल्स पर विशेष फोकस किया। 2025 में शुरू रेयर परमानेंट मैग्नेट स्कीम को विस्तार देते हुए आंध्र प्रदेश, केरल, तमिलनाडु व ओडिशा समेत पांच राज्यों में डेडिकेटेड कॉरिडोर बनेंगे। खनिज संपन्न राज्यों को मदद मिलेगी।

महत्वपूर्ण घोषणाएं
- सस्ते उत्पाद व सेवाएं: सोलर उपकरण, जूते, मोबाइल बैटरी, ओवन, स्मार्टफोन, टैबलेट, विदेश यात्रा, सीएनजी, बायोगैस। 17 कैंसर दवाएं, 7 दुर्लभ रोगों की दवाएं, डायबिटीज दवाएं सस्ती।
- मैन्युफैक्चरिंग बूस्ट: ईएमएस पीएलआई 20,000 से 40,000 करोड़, इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन 2.0, टेक्सटाइल पार्क, महात्मा गांधी हैंडलूम योजना।
- खनिज व ऊर्जा: 5 राज्यों (आंध्र, केरल, तमिलनाडु, ओडिशा समेत) में रेयर अर्थ मिनरल कॉरिडोर।
- बायोफार्मा: 5 साल में 10,000 करोड़ निवेश।
- रक्षा: 2,19,306 करोड़ आवंटन।
- सर्विस सेक्टर: एजुकेशन टू एम्प्लॉयमेंट एंड एंटरप्राइज कमेटी; 2047 तक 10% वैश्विक हिस्सा।
- टैक्स राहत: शिक्षा-स्वास्थ्य पर टीसीएस 5% से 2%; रिवाइज्ड रिटर्न पर ज्यादा समय। नया इनकम टैक्स एक्ट 1 अप्रैल 2026 से।
- अर्थव्यवस्था: राजकोषीय घाटा जीडीपी का 4.3%; नॉन-डेट रसीदें 36.5 लाख करोड़।
- महंगे उत्पाद: शराब, स्क्रैप, खनिज।








