रुद्रप्रयाग के नागरसु में हुई घटना को लेकर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा है कि सरकार, प्रशासन और पुलिस सभी पक्षों को साथ लेकर मामले में पूरी तरह निष्पक्ष कार्रवाई कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि विभिन्न प्रतिनिधिमंडलों ने प्रशासनिक अधिकारियों से मुलाकात की है और पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) भी लगातार सभी पक्षों के संपर्क में हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान में स्थिति सामान्य है और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने प्रदेशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि उत्तराखंड देवभूमि है जहां हर व्यक्ति और हर धर्म का सम्मान होता है। गुरुद्वारे समेत सभी धार्मिक स्थल आस्था के केंद्र हैं और किसी भी ऐसे कार्य से बचना चाहिए जिससे प्रदेश की गरिमा या धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचे।
धामी ने कहा कि किसी भी विवाद या समस्या का समाधान संवाद और बातचीत से ही संभव है। उन्होंने सभी पक्षों से संयम और सौहार्द बनाए रखने का आह्वान किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने चारधाम यात्रा के आंकड़े भी साझा किए। उन्होंने बताया कि इस वर्ष अब तक करीब 40 लाख श्रद्धालु उत्तराखंड पहुंच चुके हैं। वहीं हेमकुंड साहिब आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या में भी पिछले वर्ष की तुलना में 20 से 25 हजार की वृद्धि दर्ज की गई है। यात्रा के शुरुआती चरण में ही यह आंकड़ा 1.25 लाख के करीब पहुंच गया है।
सिख प्रतिनिधिमंडल से मिले सीएम, निष्पक्ष जांच का भरोसा
दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (डीएसजीएमसी) के अध्यक्ष हरमीत सिंह कालका के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने 16 जून को कर्णप्रयाग में एक सिख युवक के साथ हुई घटना का मुद्दा उठाया।
मुलाकात के बाद हरमीत सिंह कालका ने बताया कि मुख्यमंत्री स्वयं पूरे मामले की निगरानी कर रहे हैं। उन्होंने आश्वासन दिया है कि डीजीपी द्वारा गठित जांच समिति दोनों पक्षों की क्रॉस एफआईआर की निष्पक्ष जांच करेगी। साथ ही युवक के साथ अभद्रता करने वाले दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ भी विभागीय स्तर पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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