दीपम सेठ ने शुक्रवार को पुलिस मुख्यालय स्थित सभागार में गढ़वाल एवं कुमाऊं परिक्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षकों, सभी जनपदों के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षकों, एसटीएफ और जीआरपी अधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से राज्यव्यापी विशेष अभियान ऑपरेशन प्रहार की समीक्षा की। बैठक में बताया गया कि पिछले एक माह से चलाए जा रहे इस अभियान के तहत अपराधियों पर निर्णायक कार्रवाई करते हुए 1400 से अधिक वांछित, फरार, इनामी और पेशेवर अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है।
अभियान के दौरान संगठित अपराध पर भी प्रभावी कार्रवाई की गई। गैंगस्टर एक्ट के तहत 40 अभियुक्त गिरफ्तार किए गए जबकि गुंडा एक्ट में 130 से अधिक लोगों के खिलाफ निरोधात्मक कार्रवाई अमल में लाई गई। राज्यभर में चलाए गए अभियान में 66 अवैध शस्त्र बरामद कर आरोपियों के खिलाफ आर्म्स एक्ट में मुकदमे दर्ज किए गए। ऊधम सिंह नगर पुलिस ने हरेंद्र सिंह उर्फ हनी और निखिल वर्मा को भारी मात्रा में अवैध असलाह और कारतूसों के साथ गिरफ्तार किया, जिनके तार आतंकी संगठन अल बदर से जुड़े पाए गए। वहीं एसटीएफ ने पाकिस्तानी आतंकी संगठन अल बरक ब्रिगेड के संपर्क में रहे विक्रांत कश्यप को देहरादून से अवैध पिस्टल और कारतूसों सहित गिरफ्तार किया।

राज्य में फर्जी पहचान और दस्तावेजों के आधार पर रह रहे तीन बांग्लादेशी नागरिकों को भी गिरफ्तार किया गया। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए 4000 से अधिक असामाजिक तत्वों और शांति भंग करने वालों के खिलाफ निरोधात्मक कार्रवाई की गई। इसके अलावा अभियान के दौरान 18 हजार से अधिक बार, पब, क्लब, स्पा, होटल और ढाबों की चेकिंग की गई, जिसमें नियमों का उल्लंघन करने वाले 1200 से अधिक लोगों पर कानूनी कार्रवाई की गई।
चारधाम यात्रा के दौरान साइबर ठगी रोकने के लिए पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 200 से अधिक फर्जी सोशल मीडिया लिंक ब्लॉक कराए और 50 से ज्यादा संदिग्ध मोबाइल नंबर बंद करवाए। ये लिंक यात्रा पंजीकरण, हेली टिकट और होटल बुकिंग के नाम पर श्रद्धालुओं से ठगी का प्रयास कर रहे थे। पुलिस ने इस मामले में संगठित रूप से धोखाधड़ी करने वाले 147 लिंक ऑपरेटरों और 27 फर्जी मोबाइल धारकों के खिलाफ मुकदमे दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई शुरू की है।
ऑपरेशन प्रहार के प्रमुख आंकड़े
- 1400+ अपराधी गिरफ्तार
- 40 आरोपी गैंगस्टर एक्ट में पकड़े गए
- 130+ पर गुण्डा एक्ट की कार्रवाई
- 66 अवैध हथियार बरामद
- 4000+ असामाजिक तत्वों पर कार्रवाई
- 18 हजार से अधिक प्रतिष्ठानों की चेकिंग
- 200+ फर्जी लिंक ब्लॉक
- 50+ संदिग्ध मोबाइल नंबर बंद










