16वें राष्ट्रीय मतदाता दिवस के अवसर पर रविवार को लोक भवन देहरादून में राज्य स्तरीय राष्ट्रीय मतदाता दिवस कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम में राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस अवसर पर मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन, सचिव निर्वाचन दिलीप जावलकर, अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. विजय कुमार जोगदंडे, जिलाधिकारी देहरादून सविन बंसल सहित अनेक वरिष्ठ अधिकारी, कर्मचारी एवं आम नागरिक मौजूद रहे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) ने प्रदेशवासियों को राष्ट्रीय मतदाता दिवस की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की सबसे बड़ी शक्ति सजग, जागरूक और सक्रिय नागरिक होते हैं। भारतीय संविधान ने प्रत्येक नागरिक को मताधिकार देकर लोकतंत्र को मजबूत करने की जिम्मेदारी सौंपी है। मतदान केवल एक अधिकार नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक का नैतिक और सांविधानिक कर्तव्य है। राज्यपाल ने सभी नागरिकों से प्रत्येक निर्वाचन में अनिवार्य रूप से मतदान करने का आह्वान करते हुए कहा कि जब हर नागरिक अपने मत का प्रयोग करता है, तब लोकतंत्र और अधिक सशक्त बनता है। इस वर्ष की थीम मेरा भारत–मेरा वोट का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि प्रत्येक वोट देश के भविष्य को दिशा देने वाला होता है। मतदान के माध्यम से नागरिक न केवल अपने वर्तमान, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के भविष्य का भी निर्णय करते हैं।

राज्यपाल ने भारत निर्वाचन आयोग की सराहना करते हुए कहा कि आयोग पिछले सात दशकों से स्वतंत्र, निष्पक्ष और पारदर्शी चुनावों का सफल संचालन कर रहा है। उन्होंने निर्वाचन से जुड़े अधिकारियों, कर्मचारियों, बीएलओ, पोलिंग पार्टियों और सुरक्षाबलों के योगदान की भी प्रशंसा की। उत्तराखंड की कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के बावजूद सफल मतदान प्रक्रिया राज्य की निर्वाचन मशीनरी की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। कार्यक्रम में मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने मतदान को लोकतंत्र की आधारशिला बताते हुए नागरिक सहभागिता पर बल दिया। सचिव निर्वाचन दिलीप जावलकर ने कहा कि सजग मतदाता से ही समृद्ध और मजबूत राष्ट्र का निर्माण संभव है।

राज्यपाल ने उपस्थित लोगों को मतदाता शपथ दिलाई। कार्यक्रम के दौरान निर्वाचन प्रक्रिया में उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों को सम्मानित किया गया। राज्यपाल ने रुद्रप्रयाग, उत्तरकाशी, चंपावत और बागेश्वर के जिलाधिकारियों को उत्कृष्ट निर्वाचन प्रबंधन के लिए स्टेट अवार्ड से सम्मानित किया। इसके साथ ही प्री-एसआईआर के दौरान उल्लेखनीय कार्य करने पर ईआरओ रुड़की, खटीमा और चकराता को भी सम्मानित किया गया। इस अवसर पर राज्य के स्टेट आईकॉन पद्मश्री बसंती बिष्ट, ओलंपियन मनीष रावत एवं पर्वतारोही नुंग्शी मलिक को लोकतंत्र और जनजागरूकता के क्षेत्र में योगदान के लिए स्मृति चिह्न प्रदान कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के दौरान 18 वर्ष की आयु पूर्ण कर चुके नए मतदाताओं को मतदाता पहचान पत्र देकर सम्मानित किया गया, जिससे युवाओं में मतदान के प्रति उत्साह देखा गया।








